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| Hindi shayari |
1. जख्म बहुत गहरा वो दे के जाएगी सांसों में सन्नाटा भर के जाएगी आज जो हंसकर खेल रही है जज्बातों से कल ये मोहब्बत नींद उड़ा के जाएगी
2. हम चुप रहकर भी कुसूरवार ठहराए जाते हैं वो छोटी-छोटी बातों को तकरार बना देती है
3. अच्छे खासे मूड को बिगाड़ देती है वो अपने सवालों से ही मार देती है हर बात में शक की चिंगारी आग बन जाती है मैं बात नहीं सकता दर्द को अपने मेरे ख्वाहिशों की महफिल हर शाम जल जाती है
4. वक्त ने सिखा दिया किसके साथ कैसा व्यवहार करना चाहिए हर मुस्कान के पीछे का किरदार पहचान लेना चाहिए जो मतलबी पास आ रहे हैं उनसे फैसला रखो जो दिल से साथ निभाए उसे सर आंखों पर बिठा लेना चाहिए
5. अब तो डर लगता है दिल लगाने से हथियार मिलने लगे हैं बेवफाओं के ठिकाने से जख्म मिलने लगा है वादों के बहाने से लड़कों का क्या है ये फिसल जाते हैं जरा सी मुस्कान पाने से
6. तू समझदार है लेकिन मैं घायल हुआ तेरी मनमानियां से ये जो हर वक्त शक की दीवारें खड़ी है तन्हा हुआ पड़ गया हूं थोड़ी परेशानियां में
7. जो अपनापन दिखाते थे अब एक नजर देखना गवारा समझते नहीं है मतलब निकल गया उनका अब भाव देते नहीं है

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